खरगोन। (संभाग पोस्ट) शहर की आनंद नगर कपास मंडी में सोमवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब चना फसल के दामों में अचानक आई गिरावट से किसानों का गुस्सा फूट पड़ा। हफ्ते के पहले ही दिन भाव में 700 से 1000 रुपये प्रति क्विंटल की कमी देख आक्रोशित किसानों ने न केवल नीलामी रुकवाई, बल्कि मंडी गेट पर ताला जड़कर बावड़ी बस स्टॉप पर जोरदार प्रदर्शन और चक्काजाम कर दिया।
विवाद की मुख्य वजह: अचानक गिरे दाम
मंडी में सुबह नीलामी प्रक्रिया शुरू होते ही किसानों ने व्यापारियों पर कम भाव में खरीदी करने का आरोप लगाया। किसानों का कहना है कि पिछले सप्ताह की तुलना में सोमवार को भाव में भारी कटौती की गई है।
“हमें उम्मीद थी कि फसल का उचित दाम मिलेगा, लेकिन व्यापारियों ने सांठगांठ कर अचानक 700 से 1000 रुपये कम कर दिए। यह किसानों के पसीने की लूट है।” — आक्रोशित किसान
मंडी से सड़क तक हंगामे का घटनाक्रम
1). नीलामी बंद: हंगामे के चलते व्यापारियों ने नीलामी रोक दी, जिससे स्थिति और बिगड़ गई।
2). तालाबंदी: किसानों ने कृषि मंडी सचिव के गेट पर ताला जड़ दिया और मुख्य प्रवेश द्वार पर अपने वाहन खड़े कर दिए।
3). बावड़ी बस स्टॉप पर चक्काजाम: मंडी में सुनवाई न होने पर किसान नारेबाजी करते हुए करीब 1 किलोमीटर दूर बावड़ी बस स्टॉप पहुंचे और मुख्य मार्ग पर ट्रैक्टर-ट्रॉली लगाकर रास्ता जाम कर दिया।
यातायात ठप, वाहन चालकों से हुई तीखी बहस
चक्काजाम के कारण मुख्य मार्ग के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। इस दौरान इमरजेंसी सेवाओं और दोपहिया वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। प्रदर्शन स्थल पर कई राहगीरों और किसानों के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई। स्थिति को देखते हुए पुलिस और प्रशासन के आला अधिकारियों को सूचना दी गई है।
प्रमुख बिंदु:
1). नुकसान: 700 से 1000 रुपये प्रति क्विंटल तक गिरे चने के भाव।
2). अवरोध: मंडी सचिव कार्यालय में तालाबंदी और मुख्य मार्ग जाम।
3). प्रभाव: शहर की यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमराई, वाहन चालकों ने गलियों से निकाला रास्ता।

