खरगोन |(संभाग पोस्ट) कोतवाली क्षेत्र के कालाखेत लक्ष्मी नगर में शुक्रवार सुबह उस वक्त सनसनी फैल गई, जब एक युवक ने अपने ही घर में फांसी लगाकर जीवनलीला समाप्त कर ली। परिजनों का गंभीर आरोप है कि एक निजी फाइनेंस कंपनी के कर्मचारी कर्ज की किस्तों को लेकर उसे लगातार धमका रहे थे, जिससे परेशान होकर उसने यह घातक कदम उठाया।
क्या है पूरा मामला?
मृतक की पहचान कुंदन के रूप में हुई है, जो पेशे से ढोल-ताशे बजाने का काम करता था। शुक्रवार सुबह कुंदन ने अपने घर में साड़ी का फंदा बनाया और उस पर झूल गया। जैसे ही परिजनों की नजर उस पर पड़ी, वे उसे तुरंत अस्पताल ले गए, लेकिन वहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
परिजनों के गंभीर आरोप
पीएम रूम (Post-mortem room) पर मौजूद मृतक के बड़े भाई विक्की और मनीष ने बताया कि:
1). कुंदन ने एक निजी फाइनेंस कंपनी से 50 हजार रुपये का लोन लिया था।
2). काम की अनिश्चितता के कारण वह समय पर किस्तें नहीं चुका पा रहा था।
3). कंपनी के कर्मचारी उसे बार-बार फोन कर और घर आकर मानसिक रूप से परेशान कर रहे थे।
“कंपनी के कर्मचारी उसे लगातार धमका रहे थे। उसी दबाव और डर की वजह से मेरे भाई ने जान दे दी। हम प्रशासन से मांग करते हैं कि दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए।”- मनीष, मृतक का भाई
पुलिस की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया है। शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया है। पुलिस अब फाइनेंस कंपनी के रिकॉर्ड और परिजनों के बयानों के आधार पर मामले की जांच कर रही है।

